पेट में लगातार ऐंठन, गैस बनना और लंबे समय तक दस्त रहना सामान्य पाचन समस्या नहीं बल्कि साइक्लोस्पोरियासिस नामक आंतों का संक्रमण हो सकता है। यह संक्रमण साइक्लोस्पोरा कैयटेनेन्सिस नामक परजीवी के कारण होता है। यह परजीवी दूषित भोजन या पानी के माध्यम से शरीर में पहुंचता है और छोटी आंत को प्रभावित करता है।
संक्रमण के लक्षण आमतौर पर दूषित भोजन या पानी लेने के लगभग एक सप्ताह बाद शुरू होते हैं, लेकिन यह दो दिन से लेकर दो सप्ताह या उससे अधिक भी हो सकता है। कुछ संक्रमित लोगों में कोई लक्षण नहीं भी दिखते। लक्षणों में पेट में मरोड़, गैस, पेट फूलना, लगातार पानी जैसे दस्त, भूख कम लगना और वजन कम होना शामिल हैं।
साइक्लोस्पोरियासिस के कारण और लक्षण
सीडीसी के अनुसार, यह संक्रमण मुख्य रूप से दूषित भोजन जैसे कच्चे फल और सब्जियों से फैलता है, जो संक्रमित व्यक्ति के मल के संपर्क में आने पर दूषित हो जाते हैं। यह परजीवी मल द्वारा पर्यावरण में जाने के बाद लगभग एक से दो सप्ताह में लोगों को संक्रमित करने में सक्षम होता है। इसलिए सीधे व्यक्ति से व्यक्ति संक्रमण कम देखा जाता है।
दस्त के दौरान मल अधिक पानी युक्त हो जाता है और बार-बार शौच जाने की इच्छा होती है। पेट में दर्द और ब्लोटिंग के कारण दैनिक कामों में दिक्कत हो सकती है। इसके साथ थकान, सिरदर्द, हल्का बुखार और शरीर में दर्द भी हो सकता है। कई बार संक्रमण ठीक होने के बाद भी दोबारा लौट सकता है।
साइक्लोस्पोरियासिस से बचाव
अरकान्सास के स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि संक्रमण से बचने के लिए भोजन और पानी की साफ-सफाई बहुत जरूरी है। फल और सब्जियों को खाने या पकाने से पहले साफ बहते पानी में धोना चाहिए। खाना बनाने से पहले और शौचालय के बाद हाथ साबुन से धोना आवश्यक है।
सुरक्षित पानी का सेवन करें और संदिग्ध भोजन या पानी से बचें। भोजन की सही तरीके से पैकिंग और पकाने की सावधानी भी महत्वपूर्ण है। ध्यान रखें कि केवल धोने से परजीवी पूरी तरह नहीं हटता, इसीलिए स्वच्छ स्रोतों से भोजन लेना जरूरी है।
यदि दस्त अधिक दिनों तक बना रहे, बार-बार लौटें या कमजोरी, वजन घटने जैसे लक्षण दिखाई दें तो डॉक्टर से परामर्श जरुरी है। सही जांच, उपचार और सुरक्षित भोजन-पानी की आदतों से संक्रमण को नियंत्रित किया जा सकता है।
पेट की यह संक्रमण नज़रअंदाज करना सही नहीं है क्योंकि यह गंभीर स्वास्थ्य समस्या का कारण बन सकता है। इसलिए पेट दर्द, गैस, ब्लोटिंग और लंबे समय तक दस्त जैसी समस्या हो तो इसका कारण साइक्लोस्पोरियासिस भी हो सकता है, इसे ध्यान में रखना चाहिए।
