चंडीगढ़, पंजाब। केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने बुधवार को पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया का हृदयपूर्वक स्वागत किया। यह कार्यक्रम अंबाला-चंडीगढ़ रेल खंड पर बलताना स्थित लेवल क्रॉसिंग नंबर 123 पर बन रहे पुल के शिलान्यास समारोह के तहत आयोजित किया गया था। इस अवसर पर राज्यपाल ने पुल के नीचे सड़क की नींव रखकर इस महत्वपूर्ण परियोजना की शुरुआत की।
शिलान्यास समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया ने भारतीय रेलवे की देश की एकता में भूमिका को सराहा। उन्होंने कहा कि भारतीय रेलवे विविधता में एकता की भावना को मजबूत करने वाला एक महत्त्वपूर्ण माध्यम है। रेलवे के नेटवर्क से विभिन्न भाषाओं, संस्कृतियों और परंपराओं के लोग एक-दूसरे के करीब आते हैं। यह केवल यात्रा का साधन नहीं, बल्कि राष्ट्रीय एकता और सामाजिक सद्भाव का स्तंभ भी है।
राज्यपाल ने बताया कि रेल नेटवर्क के माध्यम से देश के दूरदराज के इलाके राष्ट्रीय संस्कृति का अनुभव कर पाते हैं, जो राष्ट्र निर्माण में रेलवे की अहम भूमिका दर्शाता है। उन्होंने कहा कि रेलवे की यह परियोजना क्षेत्रीय विकास को गति प्रदान करेगी और स्थानीय जनता के जीवन स्तर में सुधार लाने में सहायक होगी।
केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने राज्यपाल के योगदान और इस परियोजना में सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि यह रोड अंडर ब्रिज परियोजना लगभग 12 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित की जा रही है। यह परियोजना भारतीय रेलवे तथा चंडीगढ़ प्रशासन के 50:50 खर्च हिस्सा साझा करके संचालित की जा रही है।
बिट्टू ने कहा कि राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया, जो राजस्थान जैसे बड़े राज्य से संबंध रखते हैं, रेल परिवहन की महत्ता को भलीभांति समझते हैं। उन्होंने इस क्षेत्र में रेलवे के द्वारा समय-समय पर किए जा रहे विकास कार्यों को महत्व देते हुए कहा, “रेलवे संपर्क लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाता है और क्षेत्र के समग्र विकास की संभावना को बढ़ाता है।”
इस पुल निर्माण से न केवल यातायात का सुधार होगा, बल्कि इसके आसपास के क्षेत्रों में व्यापार और संचार के नए द्वार खुलेंगे। यह परियोजना यात्रियों के लिए सुरक्षित और तेज़ मार्ग उपलब्ध कराएगी, जिससे सांस्कृतिक तथा आर्थिक रूप से क्षेत्र मजबूत होगा। समारोह में मौजूद अधिकारियों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और आम जनता ने इस पहल को समर्थन और स्वागत किया।
अंत में, राज्यपाल ने सभी संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों का धन्यवाद किया, जिन्होंने इस परियोजना को समय रहते पूरा करने में अपना योगदान दिया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह परियोजना क्षेत्र के विकास में अमूल्य भूमिका निभाएगी और आने वाले वर्षों में इस क्षेत्र की समृद्धि को नए आयाम प्रदान करेगी।
