गडग, कर्नाटक
कर्नाटक के गडग जिले में एक मानसिक दिव्यांग महिला के साथ कथित दुष्कर्म और गर्भपात कराने का गंभीर मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में डॉक्टर और स्टाफ नर्स समेत सात लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है और आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है।
गडग महिला पुलिस थाने में 26 जुलाई को इस संबंध में मामला दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने सात आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सिकंदर गुलाबसब बेपारी, शब्बीर अहमद लंगोटी उर्फ जूनसब, प्रदीप सागर नवालेकर, भारत महादेवप्पा कोरावर, संदीप सागर नवालेकर, आरएमपी डॉक्टर नागराज कामतर और स्टाफ नर्स रेखा शिराहट्टी के रूप में हुई है।
पुलिस जांच के अनुसार, महिला के साथ कथित तौर पर यौन अपराध किया गया और बाद में उसके गर्भवती होने की जानकारी सामने आई। आरोप है कि इसके बाद उसका गर्भपात कराया गया। मामले में चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े दो लोगों की गिरफ्तारी होने के कारण पुलिस उनकी भूमिका को भी गंभीरता से जांच रही है।
मामले का एक और गंभीर पहलू परिवार को पैसे देकर समझौता कराने का कथित प्रयास है। आरोप है कि मामले को पुलिस तक पहुंचने से रोकने और समझौता कराने के लिए पीड़िता के परिवार को पैसे देने की कोशिश की गई। पुलिस इस आरोप की भी जांच कर रही है।
गडग के पुलिस अधीक्षक रोहन जगदीश ने मामले को गंभीर बताया है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जांच में सामने आने वाले हर तथ्य को दर्ज किया जा रहा है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस मामले में पीड़िता के बयान, मेडिकल दस्तावेज, आरोपियों से पूछताछ और अन्य साक्ष्यों को जांच का हिस्सा बना रही है। फिलहाल सातों आरोपी गिरफ्तार हैं।
इस घटना ने मानसिक रूप से दिव्यांग और कमजोर वर्ग की महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। ऐसे मामलों में पीड़ित की पहचान और गरिमा की रक्षा के साथ निष्पक्ष जांच बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है।
