लंदन, इंग्लैंड – बीसीसीआई के सचिव देवजीत साइकिया ने हाल ही में यह स्पष्ट किया है कि लॉर्ड्स में खेले गए वनडे मैच को रोहित शर्मा का आखिरी वनडे मैच नहीं माना जाना चाहिए। साइकिया ने इस खबर पर लग रही अफवाहों और अटकलों को पूरी तरह से खारिज किया है, जो यह बताती हैं कि भारतीय टीम के प्रमुख बल्लेबाज ने अपने वनडे करियर से संन्यास ले लिया है।
देवजीत साइकिया ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि “रोहित शर्मा की काबिलियत को देखते हुए उन्हें टीम में लंबे समय तक बनाए रखना हमारी प्राथमिकता है। लॉर्ड्स में उनका प्रदर्शन शानदार था और उन्होंने भविष्य के लिए बहुत कुछ दिया है। यह विवादित खबरें वास्तविकता से दूर हैं।”
रोहित शर्मा भारतीय क्रिकेट टीम के एक महत्वपूर्ण स्तंभ रहे हैं, जिन्होंने कई बार टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई है। खासतौर पर वनडे प्रारूप में उनकी बल्लेबाजी को विश्व स्तर पर सराहा गया है। लॉर्ड्स मैच से पहले कई क्रिकेट विशेषज्ञों ने उनकी फिटनेस और प्रदर्शन को लेकर चर्चा की थी, लेकिन साइकिया का यह बयान सभी कयासों पर विराम लगाता है।
बीसीसीआई के सचिव के अनुसार, रोहित शर्मा की खेल भावना और क्षमता आज भी उच्च स्तर पर है। टीम प्रबंधन और कोचिंग स्टाफ भी उनकी फिटनेस और तकनीक पर विशेष ध्यान दे रहे हैं ताकि वह आने वाले वर्षों तक टीम के लिए कारगर साबित हों।
भारतीय क्रिकेट प्रेमियों को इस बात की उम्मीद है कि रोहित शर्मा टीम इंडिया के लिए कई और मैच खेलेंगे और उनका योगदान यूं ही जारी रहेगा। लॉर्ड्स के मैच के बाद उनकी फॉर्म और मानसिकता ने साबित कर दिया है कि वह वनडे क्रिकेट के लिए अभी तैयार हैं।
अंत में, साइकिया ने कहा कि टीम की रणनीति में अभी रोहित शर्मा का स्थान सुरक्षित है और आने वाले सीजन में वह भारतीय टीम के विश्वसनीय खिलाड़ी के रूप में लगातार अपनी भूमिका निभाएंगे। इस प्रकार, लॉर्ड्स वनडे को रोहित शर्मा के वनडे करियर का अंतिम चरण मानना जल्दबाजी होगी।
