चंडीगढ़। केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने गुरुवार को पंजाब की आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर राज्य की बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर कड़ा हमला किया। उन्होंने मोगा के सदर पुलिस थाने में हुए विस्फोट को सरकार की सुरक्षा व्यवस्था की असफलता बताया और सुरक्षा की समस्याओं पर चिंता जाहिर की।
बिट्टू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा कि कुछ शक्तियां पंजाब की शांति को भंग करने की साजिश कर रही हैं और मोगा में हुई घटना ने उनकी यह आशंका सच्चाई में बदल दी। उन्होंने कहा कि ‘‘जो लोग सिर्फ एक चिंगारी लगाकर आग भड़का देते हैं और मौके से भाग जाते हैं, असली नुकसान पंजाब और पंजाबियों को उठाना पड़ता है।’’
मोगा सदर थाने में बुधवार को हुए कम तीव्रता वाले विस्फोट से इलाके में दहशत फैल गई और सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गईं। कार्यवाहक वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जीएस बैंस ने मीडिया को बताया कि विस्फोट में कोई हताहत नहीं हुआ और किसी बड़ी संरचना को भी नुकसान नहीं पहुंचा। हालांकि, इससे कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सवाल खड़े हो गए हैं।
शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर बादल ने आम आदमी पार्टी की सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि मोगा थाने का विस्फोट कानून-व्यवस्था में आम आदमी पार्टी की विफलता को साबित करता है। उन्होंने कहा, ‘‘जब पुलिस थाने भी सुरक्षित नहीं रहेंगे तो आम पंजाबी खुद को कैसे सुरक्षित महसूस करेंगे? ऐसे में पुलिस और आम जनता पर हमले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। पुराने मामले लंबित हैं और समाधान नहीं हो पा रहा। मुख्यमंत्री राज्य को अंधकारमय दौर में ले जा रहे हैं। पंजाब को सुरक्षित और समृद्ध भविष्य चाहिए, डर नहीं।’’
पंजाब कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने भी इस घटना की निंदा की और कहा कि यह विस्फोट कानून-व्यवस्था के पूरी तरह बिगड़ने की याद दिलाता है। उन्होंने मुख्यमंत्री पर आरोप लगाते हुए कहा, ‘‘जब पुलिस थाने भी सुरक्षित नहीं हैं, तब आम जनता खुद को सुरक्षित कैसे समझे? प्रचार-प्रसार के बजाय सरकार को यह बताना चाहिए कि पंजाब में अपराध इतनी निर्भीकता से क्यों बढ़ रहा है। पंजाब की जनता बहाने नहीं, जवाबदेही चाहती है।’’
इस मामले में सुरक्षा एजेंसियां सतर्क रहती हुई प्रदेश की कानून-व्यवस्था सुधारने के लिए कदम उठा रही हैं, लेकिन राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप से मामला गरमाया हुआ है। प्रदेश में शांति बनाए रखने और अपराध नियंत्रण के उपायों को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है ताकि भविष्य में ऐसे घटनाओं की पुनरावृति न हो।
