चेन्नई, तमिलनाडु: अनुभवी भारतीय ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने आगामी 2027 एकदिवसीय विश्व कप के लिए विराट कोहली और रोहित शर्मा को टीम में शामिल किए जाने पर अपनी राय दी है। अश्विन ने कहा कि जब तक टीम में विराट और रोहित जैसे अनुभवी खिलाड़ी मौजूद हैं, तब तक उनसे पूरी तरह से अनुभव का लाभ उठाना चाहिए, खासकर विदेशी परिस्थितियों में विश्व कप खेलते समय।
अश्विन ने एक मीडिया इंटरव्यू के दौरान कहा, “जब तक आपके पास विराट और रोहित जैसे अनुभवी क्रिकेटर हैं और आप किसी विदेशी विश्व कप में जा रहे हैं, तब तक आप उनसे जितना संभव हो सके उतना अनुभव निकालें। यह अनुभव टीम के लिए बेहद मूल्यवान होता है।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि अनुभवी खिलाड़ियों की मौजूदगी नई पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए एक मार्गदर्शन का काम करती है और ऐसी स्थितियों में टीम अधिक आत्मविश्वास और मजबूती के साथ खेलती है।
भारतीय क्रिकेट टीम ने विराट कोहली और रोहित शर्मा के नेतृत्व में कई सफलताएं हासिल की हैं। दोनों खिलाड़ी न सिर्फ टीम के प्रमुख रन निर्माता हैं बल्कि कप्तानी के तौर पर भी उन्होंने अपने निर्णयों से टीम को मजबूती दी है। विश्व कप जैसे बड़े टूर्नामेंट में अनुभव का एक महत्वपूर्ण पहलू होता है, जहां दबाव और चुनौतियां अधिक होती हैं।
अश्विन की इस टिप्पणी का मतलब साफ है कि चयनकर्ताओं को आगामी विश्व कप के लिए टीम में विराट कोहली और रोहित शर्मा को शामिल करने से बचना नहीं चाहिए। उनकी मौजूदगी टीम के रणनीतिक और मानसिक पक्ष को मजबूत करने में सहायक सिद्ध होगी। इसके साथ ही युवा खिलाड़ियों को उनके अनुभव से सीखने का पर्याप्त अवसर मिलेगा, जो टीम की लंबी अवधि की सफलता के लिए महत्वपूर्ण है।
हालांकि विराट कोहली ने हाल के वर्षों में अपने फॉर्म को लेकर कई उतार-चढ़ाव देखे हैं, लेकिन उनके अनुभव और तकनीकी समझ को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। वहीं, रोहित शर्मा की स्थिरता और मैच जिताने वाले प्रदर्शन ने उन्हें भारतीय क्रिकेट का एक अभिन्न हिस्सा बना दिया है।
अश्विन ने यह भी उल्लेख किया कि हर खिलाड़ी का फ़िटनेस स्तर और मौजूदा फॉर्म चयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, लेकिन अनुभवी खिलाड़ियों के बिना विदेशी टूर्नामेंटों में सफलता पाना कठिन होता है। इसलिए, 2027 के ODI विश्व कप में कोहली और रोहित का चयन काफी लॉजिकपूर्ण रहेगा।
इस प्रकार, भारतीय क्रिकेट टीम के लिए 2027 विश्व कप एक अहम चुनौती होगी और टीम के वरिष्ठ खिलाड़ियों का साथ नए खिलाड़ियों के लिए एक मजबूत आधार साबित होगा। अश्विन का मानना है कि चयनकर्ता इस बात का ध्यान रखते हुए टीम का चयन करें कि टीम के पास एक सही संतुलन और अनुभव मौजूद रहे जिससे भारत विश्व कप के लिए पूरी तरह तैयार हो सके।
